तेरी माँ का भोसड़ा बड़ी आई रंडी

तेरी माँ का भोसड़ा बड़ी आई रंडी

हैल्लो दोस्तों मैं मुकेश आप के सामने फिर से हाजिर हूँ एक नयी कहानी ले कर | मैं उम्मीद है कि आप लोग मुझे नही भूले होगे | आप सभी मेरे बारे में जानते हैं इसलिए इस में आप लोगो को अपनी पूरी डिटेल देना जरुरी नहीं समझता | आप लोगो ने मेरी पिछली कहानी पढ़े होंगे और मुझे पता है कि आप सभी को मेरी पिछली कहानी “तेरी बहन की चूत”पसंद आई होगी | आज जो मैं आपको अपनी कहानी सुनाने जा रहा हूँ ये मेरी दूसरी कहानी और मैं अब रोज चुदाई की कहानिया पढता हूँ और मुझे बहुत अच्छा लगता है चुदाई की कहानिया पढ़ के | इसलिए मैंने सोचा कि क्यू न आप लोगो को मैं फिर से मनोरंजन करू तो मैंने आप लोगो के लिए एक नयी कहानी लाया हूँ | तो अब मैं आप लोगो का कीमती समय बरबाद नहीं करूँगा और सीधा कहानी शुरू करता हूँ |

ये घटना पिछले हफ्ते की है | हमारे घर के बिलकुल बाजू में एक फॅमिली रहती है जो बहुत मादरचोद और कंजूस किस्म का परिवार है | वो लोग कड़ी ऐसे बनाते हैं कि बहनचोद कोई कुत्ता भी नहीं खाए | एक दिन की बात हैं मैंने देख कि छत में प्रियंका की माँ दारू पी रही है | खैर मैंने सोचा कि माँ चुदाये इसकी अपने को क्या करना | मैं जॉब से हाफ डे ले कर घर आया तो देखा कि मेरी मम्मी बहुत गाली दे रही है बाजू वाले को | मैं समझ नहीं पाया कि माजरा क्या है ? मैंने मम्मी से पूछा कि क्या हुआ मम्मी गाली क्यू दे रही हो ? तो मम्मी ने बोली की देख न मुकेश इन्होने जो बाजू में पेड़ लगाया है इसकी वजह से पूरा कचरा अपने घर में आता है इनके नौकर हैं क्या जो इनका कचरा हम साफ़ करेंगे | तभी प्रियंका का बाप घर से निकला और कहा कि कैसी पागल औरत है | अब मेरा भी दिमाग खराब हो गया तो मैंने उसे बोला सुन बे मादरचोद हिसाब से बात कर नहीं तो तेरी माँ को भोसड़ा फाड़ दूंगा समझा | तो फिर उसने भी कहा कि अपनी माँ को भी तो देख | फिर मैंने कहा क्या देखू बे तेरी माँ की चूत बहनचोद जब पेड़ लगया है तो मादरचोदो घर भी आ कर साफ़ कर दिया करो कचरा | तो उसने कहा कि हम क्यू करे  ? तो मैंने कहा कि तेरी माँ को चोदु बहन के लौड़े | गांड क्यू फट रही है तेरी बहनचोद तो उसने कहा अबे सुन गाली दे कर बात मत कर समझा फिर मैंने कहा कि दूंगा गाली मादरचोद गांड भी तोड़ दूंगा अगर तेरे मुंह से गाली भी निकली तो | बहनचोद  कचरा साफ नही करना तो पेड़ क्यू लगाया काट दे पेड़ को | तो उसने कहा कि नहीं काटेंगे पेड़ जा | मेरा दिमाग ख़राब हो गया तो मैंने भी बोल तेरी माँ चोद दूंगा मादरचोद अगर कुछ भी बोला तो समझा बहनचोद है तुम लोग की फॅमिली | तभी उसकी छोटी भी रिया भी आ गयी और मुझसे कहने लगी कि मुकेश मेरे पापा से ऐसे बात मत कर | तो मैंने कहा सुन रे छिनार तू ज्यादा मुंह मत चला नहीं तो कहाँ कहाँ तू चुदवाती है सब बता दूंगा समझी रंडी | अब वो शांत हो गयी और अपने पापा को घर के अन्दर ले गयी |

फिर हम लोग भी घर के अन्दर चले गये | अब हम लोगो की रोज खिटपिट हुआ करने लगी | रोज बहनचोदो को जलील करना पड़ जाता | एक दिन मैं रात में घर में पी रहा था छत पर ही | तभी प्रियंका की माँ छत पर आई और मुझे बुलाई तो मैंने सीधा मुंह पे कहा क्या है मादरचोद ? तो उसने कहा कि तुम से कुछ बात करनी है | तो मैंने कहा हां बहनचोद बोल | फिर उसने कहा कि सुनो रोज हमारी ऐसी बेज्जती मत किया करो | हमारी दो बेटी है मोहल्ले वाले क्या सोचेंगे ? तो मैंने कहा कि मोहल्ले वालो की माँ का भोसड़ा अब सुन तेरी बहन की चूत रंडी या तो तू पेड़ काट या बहनचोद ऐसे ही जलील हो समझी | तो उसने कहा कि एक काम करो तुम मुझे चोद लो पर ऐसी जलील वाली गलियां मत दिया करो | तो मैंने कहा कि रुक दोनों मिनट और फिर एक पेग लगाया और फिर उसके पास गया | फिर मैंने पूछा कि तू मादरचोद रंडी है क्या जो मैं तुझे चोदु ? तो उसने कहा कि मैं रंडी नहीं हूँ पर तुम ऐसी बात करते हो इसलिए रिश्वत के तौर पर मैं तुम्हे अपनी चूत दे सकती हूँ | तो मैंने कहा कि मदरचोद तेरी चूत नही है भोसड़ा होगा मादरचोद रंडी | उसने कहा कि मतलब तुम नहीं चोदोगे मुझे | कुछ देर सोचने के बाद मैंने कहा कि हाँ चोदुंगा पर रोज चोदुंगा तुझे याद रखना | तो उसने कहा कि ठीक है तुम मुझे रोज चोदना पर प्लीज ऐसे गाली मत देना | मैंने कहा ठीक है और छत पार कर के उसके छत पर पंहुच गया | जैसे ही मैंने उसके होंठ में अपने होंठ रखा तो वो दूर हो गयी और कहने लगी कि तुम्हारे मुंह से शराब की बदबू आ रही है | तो मैंने कहा कि मादरचोद चुदवाना है या नहीं तो उसने कहा हाँ तो मैंने कहा बहनचोद मुंहचोदी मत कर समझी | फिर मैंने उसके होंठ में अपने होंठ रख दिया और उसके होंठ को चूसने लगा | अब वो भी मेरा साथ देते हुए मेरे होंठ को चूसने लगी | मैं किस करते करते उसके दूध भी मसलने लगा | फिर उसके बाद मैंने उसकी साड़ी का पल्लू नीचे किया और उसके दूध दबाने लगा जोर जोर से तो वो आआहाआ ऊऊन्न्ह ऊऊम्म्ह ऊउम्म ऊउन्न्ह अहहाआअहाअ अहहहा हहहाआअ अहहहाआ ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह ऊनंह ऊउम्म्म्ह अहहहाआआअ आहाआआउन्ह ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह आहा आआआहा ऊउम्म्ह ऊउन्न्ह आअहाआअ करते हुए बोली की धीरे धीरे दबाओना तो मैंने कहा तेरी माँ का भोसड़ा मादरचोद कर रहा हूँ न करने दे चुपचाप रह तू रंडी समझी | फिर मैंने उसके ब्लाउज को उतार दिया और ब्रा को भी उतार दिया अब मैं उसके दूध खींच ख्नीच कर चूसने लगा और वो आआहाआ ऊऊन्न्ह ऊऊम्म्ह ऊउम्म ऊउन्न्ह अहहाआअहाअ अहहहा हहहाआअ अहहहाआ ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह ऊनंह ऊउम्म्म्ह अहहहाआआअ आहाआआउन्ह ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह आहा आआआहा ऊउम्म्ह ऊउन्न्ह आअहाआअ करते हुए बस सिस्कारियां लेने रही थी | उसके दूध जब मैंने चूसलिएतो कहा कि चल मादरचोद अब मेरा लंड चूस | उसके बाद मैंने अपने चड्डे को नीचे किया और अंडरवियर को भी नीचे कर दिया | वो मेरे खड़े लंड को देख कर बोली कि बाप रे इतना बड़ा लंड तो मैंने कहा हाँ मादरचोद | फिर वो मेरे लंड को हाँथ से हिलाते हए चाटने लगी तो  मेरे मुंह से भी आआहाआ ऊऊन्न्ह ऊऊम्म्ह ऊउम्म ऊउन्न्ह अहहाआअहाअ अहहहा हहहाआअ अहहहाआ ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह ऊनंह ऊउम्म्म्ह अहहहाआआअ आहाआआउन्ह ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह आहा आआआहा ऊउम्म्ह ऊउन्न्ह आअहाआअ की आवाज निकलने लगी | उसके बाद उसने मेरे लंड को अपने मुंह में डाली और चूसने लगी आगे पीछे करते हुए तो मैं आआहाआ ऊऊन्न्ह ऊऊम्म्ह ऊउम्म ऊउन्न्ह अहहाआअहाअ अहहहा हहहाआअ अहहहाआ ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह ऊनंह ऊउम्म्म्ह अहहहाआआअ आहाआआउन्ह ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह आहा आआआहा ऊउम्म्ह ऊउन्न्ह आअहाआअ करते हुए उसके मुंह की चुदाई करने लगा | फिर उसने मुझे कहा कि मेरी चूत चाटो तो मैंने कहा कि भग मादरचोद तेरी जैसे रंडी की चूत चाटूंगा मैं इतना बुरे दिन नहीं आये हैं मेरे | चल मादरचोद अब तू लेट मैं सीधा चोदुंगा तुझे | वो लेट गयी तो मैंने कहा रुक दो मिनट | मैं जल्दी से अपने छत गया और एक पेग फिर से पी के आया | अब मैंने उसके भोसड़े में अपना लंड डाला और चोदने लगा जोर जोर से तो वो आआहाआ ऊऊन्न्ह ऊऊम्म्ह ऊउम्म ऊउन्न्ह अहहाआअहाअ अहहहा हहहाआअ अहहहाआ ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह ऊनंह ऊउम्म्म्ह अहहहाआआअ आहाआआउन्ह ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह आहा आआआहा ऊउम्म्ह ऊउन्न्ह आअहाआअ करते हुए चुदाई का मजा लेने लगी | मैं जोर जोर से धक्के लगा के उसके भोसड़े को चोद रहा था और उसके दूध भी मसल रहा था और वो भी आआहाआ ऊऊन्न्ह ऊऊम्म्ह ऊउम्म ऊउन्न्ह अहहाआअहाअ अहहहा हहहाआअ अहहहाआ ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह ऊनंह ऊउम्म्म्ह अहहहाआआअ आहाआआउन्ह ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह आहा आआआहा ऊउम्म्ह ऊउन्न्ह आअहाआअ करते हुए सिस्कारिया लेने लगी |

करीब आधे घंटे की चुदाई के बाद मैंने उसके मुंह में झड़ गया |

अगले दिन सुबह मैं जब ब्रश कर रहा था तो उसके सासुर ने मुझे उल्टा सीधा बोलना चालू कर दिया | बहनचोद सुबह सुबह कोई कुछ बोले तो माथा टनटना जाता है | फिर मैंने कहा कि अबे तेरी माँ का भोसड़ा चोदु बहनचोद बुड्ढ़े मरने की उम्र हो गयी है तेरी बहनचोद | मेरे मुंह मत लग सुबह से समझा तेरी बहन की चूत | तभी वो भी दौड़े दौड़े चली आई तो उसने कहा कि तुमने कहा था कि गाली नही दोगे | तो मैंने मादरचोद अपने ससुर को बोल समझी रंडी कुतिया | मेरे मुंह मत लगा करो मादरचोद सुबह से मेरा दिमाग ख़राब कर दिया इस बुड्ढ़े ने |

अभी तक ये सिलसिला चल ही रहा है |मैं तो मुहचोदी कर रहा था ऐसा कुछ हुआ ही नहीं मेरे साथ | भागो सालो आ जाते हो कहानी पढने और कोई काम नहीं है क्या ? सेक्स स्टोरी पढेंगे तुम्हरे चक्कर में कितना सोचना पड़ गया |

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